Skip to main content

प्रेरक विचार



"विजेता वह नहीं बनता जो कभी असफल नहीं हुआ, बल्कि वह बनता है जिसने कभी हार नहीं मानी।"

"Winners are not people who never fail but people who never quit."



"अगर आप अपनी सीमाओं को चुनौती नहीं देते, तो आप अपनी क्षमताओं को कभी नहीं पहचान पाएंगे।"

"If you don't challenge yourself, you will never realize what you can become."



उठो..जागो..और लक्ष्य तक पहुँचने से पहले रुको मत

- स्वामी विवेकानंद  

Arise..awake..and don't stop until the goal is reached.
- Swami Vivekanand




"सूरज की तरह चमकना है तो पहले सूरज की तरह तपना सीखो।"

- डा. अब्दुल कलाम 


"If you want to shine like a sunfirst burn like a sun."


 - Dr. A. P. J. Abdul Kalam






Comments

Popular posts from this blog

कोरोना के लक्षण दिखाई दें तो क्या करें? What to do if you have symptoms of corona virus (In Hindi)?

Corona के लक्षण पहचानिये:  कोरोना के मरीज़ों में अलग-अलग तरह के लक्षण दिखाई दे सकते हैं - हल्के लक्षणों से लेकर गंभीर बीमारी तक। वायरस के संपर्क में आने के 2-14 दिन बाद तक लक्षण दिखाई दे सकते हैं। अगर ये लक्षण दिखाई दें तो कोरोना हो सकता है: • बुखार या ठंड लगना • सूखी खांसी • सांस लेने में कठिनाई • थकान व मांसपेशियों या शरीर में दर्द • सरदर्द • स्वाद या गंध महसूस न कर पाना • गले में ख़राश • सीने में कसावट या बहती नाक • उलटी अथवा मितली • दस्त हालाँकि इस सूची में सभी संभावित लक्षण शामिल नहीं हैं। नए लक्षण मिलने पर सम्बंधित सरकारी विभाग इस सूची को update करते जा रहे हैं। अस्वस्थ महसूस करने पर क्या करें ? १. सबसे पहले अपने डॉक्टर से अपने लक्षणों के बारे में बात करें और अगर डॉक्टर सलाह दे तो तुरंत कोरोना जाँच कराएं। २. चिकित्सकीय परामर्श लेने के अलावा किसी भी काम से घर से बाहर न निकलें। ३. कोरोना से संक्रमित अधिकांश लोगों को हल्की बीमारी होती है और वे बिना चिकित्सा देखभाल के घर पर ठीक हो सकते हैं। अगर मामूली तौर पर बीमार हैं तो घर ...

जीवन शैली में छोटे बदलावों के बड़े और सकारात्मक प्रभाव (Positive effects of few small changes in our lifestyle)

हमारा आशियाना , जहां हम रहते हैं अपने अपनों के साथ , दिन भर के काम की थकान के बाद जहाँ आकर हमें सबसे ज़्यादा सुकून मिलता है , जहां पर बिताया हर पल हमारे मन के खली बक्से को खूबसूरत यादों से भर देता है , जिसमे रहने वालों से होता है हमें सबसे ज़्यादा प्यार और जिससे दूर रहने पर रहते हैं हम हर दम बेक़रार। ऐसे आशियाने को हम किसी की नज़र नहीं लगने देता चाहते और चाहते हैं कि हमारा आशियाना हमेशा खुशयों से भरा रहे और इसके लिए हमें सिर्फ इतना सुनिश्चित करना है कि हमारे आशियाने में रहने वाला हर एक सदस्य प्रसन्नचित्त रहे , स्वस्थ रहे। अगर सभी सदस्य healthy & happy होंगे तो हमारे घर का माहौल तो खुद-ब-खुद  खुशनुमा हो जायेगा। इसके लिए हमें अपने जीवन में कुछ बदलाव लाने होंगे। आइये, ऐसे ही कुछ छोटे-छोटे बदलावों के बारे में बात करते हैं जो देखने-सुनने में शायद छोटे लगें पर हमारे जीवन पर बहुत बड़े और सकारात्मक प्रभाव डालते हैं।   दिन की शुरुआत :  सकारात्मक बदलावों के बारे में चर्चा की शुरुआत करते हैं दिन के दिन के पहले काम यानि कि सुबह उठने से। एक दिन में सिर्फ २४ घंटे ही ...

मैं और मेरी अंग्रेजी

मैं और मेरी तन्हाई अक़्सर ये बातें करते हैं कि तुम होतीं तो ऐसा होता, तुम होतीं तो वैसा होता।  लता जी और अमिताभ जी की आवाज़ में गाये हुए एक मशहूर गीत की पंक्तियाँ हैं ये। कुछ दिनों पहले ये पंक्तियाँ मेरे कानों में पड़ीं तो अनायास ही इन पंक्तियों के भावार्थ ने मेरा वो अतीत याद दिला दिया जब मैं हिंदी माध्यम का मेधावी छात्र हुआ करता था (कृपा करके इस बात की पुष्टि के लिए मेरे विद्यालय न जाएँ) और ऊपर से हिंदी भाषा का कट्टर समर्थक पर अंदर ही अंदर अंग्रेजी बोलने और सीखने की इच्छा से ओत-प्रोत। उस समय मैं और मेरी तन्हाई अक़्सर ये बातें करते थे कि काश मैं भी कॉन्वेंट में पढ़ा होता; काश मैं भी फर्राटेदार अंग्रेजी बोल सकता; मैं भी ईंट का जवाब पत्थर से न सही पर अंग्रेजी का जवाब अंग्रेजी में तो दे पता। काश जब भी मुझे अंग्रेजी बोलना होता तो मुझे On लगेगा या Over, So लगाऊँ या Therefore; have been क्यों had been क्यों नहीं जैसे यक्ष प्रश्नों से गुज़रना न पड़ता पर वास्तव में मैं ये बात तन्हाइयों से ही कर पाता था क्योंकि मेरी सुनने वाला और था ही कौन? अपने क्लास में शायद सभी अंधे थे ...